क्या वामपंथ की वापसी की संभावनाएं अभी शेष हैं ?: — जयसिंह रावत भारतीय राजनीति के वर्तमान परिदृश्य में वामपंथ के सिमटते प्रभाव को लेकर तरह-तरह के निष्कर्ष निकाले जा रहे हैं। कुछ इसे एक युग का अंत मान रहे हैं, तो कुछ इसे वैचारिक पराजय के रूप में देख रहे हैं। लेकिन क्या सचमुच यह अंत है? इतिहास गवाही देता है कि विचारधाराएं न
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